एशियन गेम्स 2026 के पुरुष टी20 क्रिकेट में भारतीय टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए फाइनल में जगह बना ली है। निशिन के कोरोगी स्पोर्ट्स पार्क में खेले गए सेमीफाइनल मुकाबले में श्रेयस अय्यर की कप्तानी वाली भारतीय टीम ने श्रीलंका को 124 रन से हराया। भारत ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 7 विकेट पर 169 रन बनाए और इसके बाद श्रीलंकाई टीम को महज 45 रन पर समेट दिया।
भारत की जीत में ईशान किशन की नाबाद 80 रन की पारी और गेंदबाजों का शानदार प्रदर्शन सबसे बड़ा आकर्षण रहा। ईशान ने मुश्किल परिस्थितियों में पारी को संभाला और आखिरी तक क्रीज पर टिके रहे। दूसरी ओर, श्रीलंका की बल्लेबाजी भारतीय गेंदबाजों के सामने पूरी तरह बिखर गई। अब भारत का सामना फाइनल में पाकिस्तान से होगा। दोनों टीमों के बीच स्वर्ण पदक के लिए मुकाबला 3 अक्टूबर को खेला जाएगा।
भारत की शुरुआत रही खराब, वैभव सूर्यवंशी ने संभाला मोर्चा
टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी भारतीय टीम की शुरुआत उम्मीद के मुताबिक नहीं रही। शुरुआती विकेट जल्दी गिरने के कारण टीम दबाव में दिखाई दी। अभिषेक शर्मा और संजू सैमसन ज्यादा देर क्रीज पर नहीं टिक सके और दोनों ने 7-7 रन बनाए। कप्तान श्रेयस अय्यर भी 13 गेंदों में 13 रन बनाकर आउट हो गए।
ऐसे समय में युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी ने पारी को संभालने की जिम्मेदारी उठाई। उन्होंने तेजी से रन बनाते हुए 21 गेंदों में 38 रन की उपयोगी पारी खेली। वैभव की इस पारी ने भारत को शुरुआती झटकों से उबरने में मदद की और टीम को एक प्रतिस्पर्धी स्कोर की ओर बढ़ाया।
हालांकि वैभव के आउट होने के बाद भारतीय पारी एक बार फिर दबाव में आती दिखी, लेकिन इसके बाद ईशान किशन ने मोर्चा संभाल लिया।
ईशान किशन ने खेली नाबाद 80 रन की पारी
पांचवें नंबर पर बल्लेबाजी करने आए ईशान किशन ने शुरुआत में संभलकर खेला, लेकिन पारी आगे बढ़ने के साथ उन्होंने अपने शॉट्स की रफ्तार बढ़ा दी। ईशान ने 46 गेंदों का सामना करते हुए नाबाद 80 रन बनाए। उनकी पारी में 4 चौके और 5 छक्के शामिल रहे।
ईशान की इस पारी की खास बात यह रही कि उन्होंने एक छोर संभालकर भारतीय पारी को मजबूत स्कोर तक पहुंचाया। उनकी बल्लेबाजी के दम पर भारत ने 20 ओवर में 169 रन बनाए और श्रीलंका के सामने 170 रन का लक्ष्य रखा।
ईशान की पारी सिर्फ टीम के स्कोर के लिहाज से महत्वपूर्ण नहीं रही, बल्कि उन्होंने टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पांचवें नंबर या उससे नीचे भारत की ओर से सबसे बड़ी व्यक्तिगत पारी का रिकॉर्ड भी बनाया। रिपोर्टों के मुताबिक उन्होंने इस मामले में मनीष पांडे के पुराने रिकॉर्ड को पीछे छोड़ा।
170 रन के लक्ष्य के सामने श्रीलंका की शुरुआत ही खराब
170 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी श्रीलंकाई टीम की शुरुआत बेहद खराब रही। जसप्रीत बुमराह ने पारी के पहले ही ओवर में दो विकेट हासिल कर भारत को बड़ी बढ़त दिला दी। सिनेत जयवर्धने और सोहन डी लिवेरा अपना खाता भी नहीं खोल सके।
श्रीलंका को शुरुआती ओवर में ही दो बड़े झटके लगने के बाद टीम संभल नहीं सकी। इसके बाद लसिथ क्रूसपुले रन आउट हो गए। भारतीय गेंदबाजों और फील्डरों ने दबाव लगातार बनाए रखा, जिसके कारण श्रीलंकाई बल्लेबाज खुलकर शॉट नहीं खेल पाए।
चौथे ओवर में अक्षर पटेल ने भी दो महत्वपूर्ण विकेट लेकर श्रीलंका की मुश्किलें और बढ़ा दीं। कप्तान सहान अराचिगे 9 रन बनाकर आउट हुए, जबकि एशेन बंडारा खाता खोले बिना पवेलियन लौट गए।
15 रन पर श्रीलंका के 5 विकेट
श्रीलंका की हालत का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि टीम ने सिर्फ 15 रन के स्कोर पर अपने पांच विकेट गंवा दिए थे। यह टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में भारत के खिलाफ किसी टीम के पांचवां विकेट गिरने के समय दर्ज किए गए सबसे कम स्कोर में शामिल रहा।
इसके बाद भी श्रीलंकाई बल्लेबाज भारतीय गेंदबाजों के सामने टिक नहीं सके। नुवानिदु फर्नांडो ने 15 रन बनाकर टीम की ओर से सबसे अधिक योगदान दिया, लेकिन उनके आउट होने के बाद पारी ज्यादा देर नहीं चल सकी।
पावरप्ले खत्म होने तक श्रीलंका ने 6 विकेट गंवा दिए थे और उसके स्कोरबोर्ड पर केवल 33 रन थे। इस स्थिति से टीम के लिए मुकाबले में वापसी करना लगभग असंभव हो गया।
45 रन पर ऑलआउट हुई श्रीलंकाई टीम
पावरप्ले के बाद भी भारत ने दबाव कम नहीं होने दिया। वॉशिंगटन सुंदर ने वानुजा साहन को आउट किया, जबकि बाद के ओवरों में भारतीय गेंदबाजों ने बचे हुए बल्लेबाजों को भी ज्यादा समय नहीं दिया।
अभिषेक शर्मा ने पारी के 10वें ओवर में श्रीलंका की पारी को समाप्त कर दिया। पूरी श्रीलंकाई टीम 9.5 ओवर में सिर्फ 45 रन पर ऑलआउट हो गई। भारत ने इस तरह मुकाबला 124 रन के बड़े अंतर से अपने नाम किया।
भारत की ओर से जसप्रीत बुमराह, अक्षर पटेल और अभिषेक शर्मा ने दो-दो विकेट लिए। गेंदबाजों के साथ भारतीय फील्डरों ने भी दबाव बनाए रखने में अहम भूमिका निभाई।
भारत की 124 रन की जीत ने बनाया बड़ा रिकॉर्ड
श्रीलंका के खिलाफ 124 रन की जीत एशियन गेम्स के फाइनल में पहुंचाने वाली सामान्य जीत भर नहीं रही। उपलब्ध रिपोर्टों के मुताबिक, दो फुल-मेंबर टीमों के बीच पुरुष टी20 अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट के सेमीफाइनल या फाइनल में यह सबसे बड़े जीत अंतर में शामिल है।
भारत ने पहले 169 रन बनाए और फिर श्रीलंका को 45 रन पर समेट दिया। इस तरह दोनों टीमों के स्कोर के बीच 124 रन का अंतर रहा। भारतीय गेंदबाजी इकाई ने मैच को पूरी तरह एकतरफा बना दिया।
भारत के लिए फाइनल में पाकिस्तान की चुनौती
श्रीलंका पर जीत के साथ भारतीय टीम ने एशियन गेम्स 2026 के पुरुष टी20 क्रिकेट के फाइनल में प्रवेश कर लिया है। अब स्वर्ण पदक के मुकाबले में भारत का सामना पाकिस्तान से होगा। पाकिस्तान ने दूसरे सेमीफाइनल में बांग्लादेश को हराकर फाइनल में जगह बनाई थी।
भारत और पाकिस्तान के बीच फाइनल मुकाबला 3 अक्टूबर 2026 को निशिन के कोरोगी स्पोर्ट्स पार्क में खेला जाएगा। एशियन गेम्स के पुरुष क्रिकेट कार्यक्रम में फाइनल की तारीख 3 अक्टूबर निर्धारित थी।
इस मुकाबले में भारतीय टीम की नजर स्वर्ण पदक पर होगी। वहीं पाकिस्तान भी फाइनल जीतकर गोल्ड मेडल हासिल करना चाहेगा। दोनों टीमों के फाइनल में पहुंचने के बाद एशियन गेम्स 2026 के क्रिकेट मुकाबले का सबसे बड़ा मैच तय हो गया है।
भारत की जीत में बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों का योगदान
सेमीफाइनल में भारत के प्रदर्शन की सबसे बड़ी खासियत यह रही कि टीम ने बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों विभागों में प्रभावी प्रदर्शन किया। बल्लेबाजी में ईशान किशन ने नाबाद 80 रन बनाकर पारी को मजबूती दी। वैभव सूर्यवंशी ने भी 38 रन की उपयोगी पारी खेली।
गेंदबाजी में बुमराह, अक्षर और अभिषेक ने मिलकर श्रीलंका की बल्लेबाजी को लगातार झटके दिए। शुरुआती ओवरों में विकेट मिलने के बाद भारतीय टीम ने श्रीलंका को किसी भी समय साझेदारी बनाने का मौका नहीं दिया।
अब 3 अक्टूबर को भारत-पाकिस्तान फाइनल
एशियन गेम्स 2026 के पुरुष क्रिकेट में अब सभी की नजरें भारत और पाकिस्तान के फाइनल मुकाबले पर रहेंगी। भारत ने सेमीफाइनल में श्रीलंका को 124 रन से हराकर फाइनल का टिकट कटाया है, जबकि पाकिस्तान भी अपना सेमीफाइनल जीतकर खिताबी मुकाबले में पहुंच चुका है।
भारत के लिए सेमीफाइनल में ईशान किशन की नाबाद 80 रन की पारी और गेंदबाजों का शानदार प्रदर्शन निर्णायक रहा। अब 3 अक्टूबर को होने वाले फाइनल में दोनों टीमें स्वर्ण पदक के लिए आमने-सामने होंगी।


